
दोस्तों आज की पोस्ट में हम आपको 30 दिन में बॉडी कैसे बनाये (How to Build Body in 30 Days) बताएंगे। जो लोग जिम नही जा सकते उनके लिए हम घर के ही रोज़ाना के खाने और घर पर एक्साइज और योगा करके ही आसानी से 30 दिनों में ही बॉडी बना सकतें हैं। बस उन्हें एक्ससाइज के अलावा अपने रोजमर्रा के खाने में क्या खाना हैं और क्या नही इसमें विशेष ध्यान देना होगा तभी आप 30 दिनों में अपनी बॉडी को बना सकते हैं, तो जानते हैं क्या-क्या कहना चाहिए बॉडी बनाने के लिये।
रोज़ाना के नाश्ते में खाने-पीने में अपना आहार बढ़ाए।
जिम या घर पर ही योगा और कसरत करने में बिताया एक से डेढ़ घंटा आपसे छह वक्त का खाना मांगता है। जिम में बॉडी बनाने के वक्त और पैसा दोनों लगता है। अगर वाकई बॉडी बनाने के बारे में सोच रहे हैं तो अपको अपने खाने पर विशेष का ख्याल भी रखना होगा। बॉडी बनाने के लिए सही मात्रा में और सही समय पर आहार सबसे ज्यादा जरूरी हो जाता है। आप अपने सुबह के नास्ते में अंकुरित अनाज का सेवन जरूर करें, साथ ही आप ताजा फल और घर के बने हुए दही पराठा, पोहा, पुलाव जैसे बने हल्के नाश्ते और भुनी मूंगफली और भुने हुए चने का भी सेवन करने की आदत बनाए क्योंकि यह शरीर में फुर्ती के साथ – साथ आपके मेटाबॉलिज्म को मजबूत बनाता हैं। साथ ही इससे हमारे शरीर को अनेकों बीमारियों से बचाकर शरीर में एक नई ऊर्जा का भी स्रोत बढ़ने लगता हैं। और ध्यान रहे कि आपको बाहर की तली – भुनी व जंग फ़ूड से बचना चाहिए क्योंकि ऐसा भोजन व नाश्ता हमारे शरीर के लिए बहुत ही नुकसानदायक हो सकता हैं।
रोज़ाना पर्याप्त पानी पीने की आदत बनाए।
शरीर की मांसपेशियों को नियमित रूप से बढ़ने के लिए पानी की सख़्त ज़रूरत होती हे। तो जितना हो सके उतना पानी पिए। वैसे तो हमारे शरीर के वजन के हिसाब से हमे कितना पानी पीना चाहिए। सही मात्रा में पानी पीने से डिहाइड्रेट की समस्या कम होती है साथ ही आपके शरीर का ताप भी सामान्य रहता हैं। सही मात्रा में सही ढंग से लिया गया पानी हमारे ब्लड सर्कुलेशन को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाता हैं। इससे ब्लडप्रेशर की समस्याओं से निजात मिलती हैं। साथ ही हमारा चेहरे का पर चमक बनी रहती हैं और स्किन हमेशा तरो-ताज़ा नजर आती है। मौसम के हिसाब से भी पानी पीने की सही मात्रा और अगर मात्रा से ज़्यादा पानी पिया तो और भी अच्छा ही हैं, क्योंकि प्यास आने पर आप पानी पीने की मात्रा भी बढ़ जाती हैं। ऐसा अधिकतर गर्मियों के दिनों में या एक्ससाइज , योगा, जिम या किसी मेहनत का काम करने पर भी हो सकता हैं।वैसे पानी कई मामलों में आहार से भी ज्यादा जरूरी हो जाता है। हमारे शरीर का 70 फीसदी हिस्सा पानी होता है और मांसपेशियां 75 प्रतिशत पानी की बनी होती हैं। अपनी मांसपेशियों में तरलता बनाए रखने और मांसपेशियों की ताकत बनाए रखने के लिए पानी बेहद जरूरी है।
रोज़ाना सुबह सुबह खाली पेट गुनगुना पानी पीना सेहत के लिए बेहद आवश्यक हैं। इससे हमारे सिर का दर्द ठीक होता है, तनाव से राहत मिलती हैं साथ ही शरीर पर अनावश्यक चर्बी से भी छुटकारा मिलता हैं। यदि आप 1 गिलास गुनगुने पानी मे आधा नींबू का रस डालकर पीते हैं तो इससे आपका निकलना हुआ पेट कम होता हैं साथ ही पेट भी साफ होता हैं। इससे पाचनतंत्र भी मजबूत होता हैं।
नियमित रूप से संतुलित भोजन का सेवन करे।
पालक और अन्य हरी सब्जियां जिम जाने वाले के लिए बहुत फायदेमंद होती हैं। हरी सब्जियों में एंटीऑक्सीडेंट्स की मात्रा भरपूर होती है। हरी सब्जियां खाने से मांसपेशियां अच्छे से काम करती हैं। इसके अलावा हरी सब्जियां वर्कआउट के बाद शरीर को रिलैक्स भी प्रदान करती हैं।
यदि आप दिन मे 2-3 बार ज़्यादा खाना खा रहे हैं।तो आप उसकी जगह 4-5 बार-बार छोटे भोजन करें। क्योंकि कभी-कभी ऐसा भी होता है की वजन या बॉडी बनाने के लिए आपको अपनी खाने की आदतों को बदलना पड़ता हैं। इसके लिए आपको कार्बोहाइड्रेट और प्रोटीन की मात्रा बढ़ानी होगी। आपको रोज़ाना सुबह-शाम 1-1 गिलास फुल क्रीम दूध, रोज़ाना 2 अंडे, फ्राई मछली (फिश), आलू, केले और सेब का सेवन करना चाहिए।
शरीर के जरूरी है प्रोटीन और वसा युक्त भोजन।
यदि आप अपनी बॉडी या शरीर बनाना चाहते हैं तो अपने रोज़ाना के खाने में डेयरी उत्पादों की भी जरूर शामिल करें। क्योंकि इन उत्पादों जैसे- दूध, घी, पनीर, मक्खन, दही, छाछ, में वसा, प्रोटीन और विटामिन ए, बी, ई, डी, सी की भरपूर मात्रा पाई जाती हैं। साथ ही सब्जी बनाने के लिए रिफाइंड तेल की बजाय सरसों या ऑलिव ऑयल का इस्तेमाल करें।
सरसों तेल या ऑलिव ऑयल यानी जैतून के तेल में हेल्दी फैट की बहुतायत होती है। इसमें कोलेस्ट्रॉल की मात्रा न के बराबर होती है। इसमें भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सिडेंट भी होते हैं। इसके सेवन से आपके दिल की सेहत दुरुस्त रहेगी और मोटापा भी नहीं बढ़ेगा। अपने शरीर को पोषण प्रदान करने के लिए आप प्रतिदिन अपने आहार में एक टेबल स्पून ऑलिव ऑयल को शामिल करें। आप इसका इस्तेमाल सलाद और सब्जी बनाने में भी कर सकते हैं, लेकिन इस बात का जरूर ध्यान रखें कि ऑलिव ऑयल को ज्यादा तेज आंच पर नहीं पकाया जाता। अतः आप इसे पकाने के लिए धीमी आंच का इस्तेमाल करें।
विटामिन, कैल्शियम और खनिज तत्वों से युक्त भोजन।
विटामिन की बात करें तो विटामिन बी1, बी2, बी3 और विटामिन सी का विशेष महत्व है मसल्स (बॉडी) बनाने के लिए शरीर में वसा और प्रोटीन की अधिकता न बढ़ कर तोंद व मोटापा न बढ़ें। इसलिए शरीर से उसके बंध को तोड़ने की जरूरत होती है। वहीं विटामिन मसल्स बिल्डिंग को बढ़ावा देता है। इसलिए ऐसे आहार लेना बेहद जरूरी है, जो इन विटामिनों से भरे हों। एक अच्छी तरह के संतुलित आहार के लिए आपकी ज़रूरत के हिसाब से आपको विटामिन की पूरी राशि मिल रही हैं या नहीं ये सुनिश्चित करें। साथ ही आपको खनिज और कैल्शियम की उचित मात्रा भी लेना चाहिए। ताजा फल व हरी सब्जियां जिसमें कैल्शियम और अन्य खनिज तत्व शामिल हैं जैसे- पालक, बीन्स, ब्रोकली, हरे पत्ते दार वाली अन्य सब्जियां, गाजर, मूली, चुकंदर, नींबू, करेला, टमाटर, मशरूम, आंवला, लौकी, शलजम, केला, अनार, सेब, संतरा इत्यादि फल – सब्जियों, अंडा, दूध, दही, और अनाज का सेवन करना भी बेहद अनिवार्य हैं। अगर आप फ्रूट्स (फलों) को पकाकर खाएंगे तो इनमें मौजूद पोषक तत्व नष्ट हो जाएंगे। इन्हें कच्चा खाया जाना ही ज्यादा फायदेमंद है। खाने के लिए ताजे फल और ताज़ी सब्जियों का ज्यादातर ही इस्तेमाल करें या 72 घंटे तक ही फल सब्जियों में उनके पोषक तत्त्व उपस्थित होते हैं और 72 घंटे के बाद यह नष्ट हो जाते हैं जो कि यह खाना आपके लिए फायदेमंद की जगह हानिकारक भी हो सकता हैं।
फाइवर, आयरन, कार्बोहाइड्रेट, आयोडीन और पोटैशियम से भरपूर अन्य तरह के खाद्य पदार्थों को भी जरूर अपनाए।
आप अपने रोज़ाना के आहार को बदल बदल कर हफ्ते में 1,2 बार फाइवर वाला भोजन जैसे – छोले, राजमा,न्यूट्रिला, छिलके वाली सभी खड़ी दालों में फाइवर भरपूर मात्रा में पाया जाता हैं। फाइबर युक्त आहार का सेवन पाचन तंत्र के लिए आवश्यक होता है।
साथ ही इनमें आयरन, प्रोटीन, आयरन, मैग्नेशियम पोटैशियम जैसे अन्य तरह के खनिज पदार्थ भी पाए जाते हैं, मूंग, मसूर, उड़द, अरहर जैसी दालों को रोजाना के खाने में आवश्यक आहार हैं। एक दाल को दूसरी दाल के साथ मिलाकर पकाने से उसके पोषक तत्व में बढोत्तरी हो जाती है। अपने भोजन को कभी भी एक ही अनाज पर निर्भर न रखें। आप सुबह-शाम रोज़ाना सूखे हुए मेवे जैसे- काजू, बादाम, किशमिश , छुआरा, अखरोट का खाना भी सामान्य मात्रा में खाना भी बेहद जरूरी हैं। प्रतिदिन 6-8 गेहूं की रोटियां और थोड़े से चावल का प्रतिदिन सेवन करें क्योंकि इसमें उपस्थित कार्बोहाइड्रेट की मात्रा हमारे शरीर को सबसे ज्यादा एनर्जी देतें हैं।
रोज़ाना सुबह-शाम व्यायाम या एक्सरसाइज और योगा करें।
चलने फिरने के अलावा आप योगा भी कही पर भी कर सकते है। कुछ गीने चुने आसन को छोड़ कई ऐसे योग है जो आप घर, सफ़र, दफ्तर कही पर भी कर सकते है। ख़ास कर के प्राणायाम, अवलोम विलोम इनसे आपको ताज़गी महसूस होने लगेगी। जब भी कोई व्यायाम आप करें तो शारीर के उस भाग पर पड़ने वाले दाब को अच्छे से महसूस करें। ऐसा करने से यह पता चलेगा की व्यायाम सही हो रहा है।
व्यायाम या एक्सरसाइज का मतलब ये ज़रूरी नही की जिम ही सही जगह हैं। उदाहरण के तौर पर साधारणतः आम आदमी 30-40 साल की उम्र तक जिम कर सकते हैं लेकिन उसके बाद जब वो उसे बंद करता है तो उनका शरीर धीरे-धीरे कम और ढीला होता जाता है। तो उसके लिए एक बहुत ही सीधा और सरल उपाय यह है कि आप शुरुआत से ही घर पर व्यायाम, योगा या सूर्यनमस्कार करना चाहिए। योगा बच्चों से लेकर बूढ़ों तक, स्त्री, पुरूष कोई भी कर सकता हैं। और घर पर ही आप रोजाना सुबह रनिंग, वॉकिंग और खुली हवा में आसान बिछा कर घर पर ही व्यायाम, योगा करें व सूर्य नमस्कार करें
शरीर को मजबूत बनाने के लिए सूर्यनमस्कार भी सबसे फायदेमंद योगा व व्यायाम हैं। और जब तक हो सके तब तक आपको यह जरूर करना चाहिए। क्योंकि इससे आपके पूरे शरीर का व्यायाम होता हैं। शरीरी को मोड़ने और आकार देने के लिए, आपको रोजाना 12 सूर्यनमस्कार करने होंगे। व्यायाम से पहले व्यायाम ख़तम होने पर स्ट्रेचिंग करना आवश्यक है इससे शरीर पर कोई नुकसान नहीं होता। कम से कम ३०मिनिट का व्यायाम आपको रोज़ाना सुबह करना है। बॉडी बनाने के लिए सूर्यनमस्कार बहुत उपयोगी साबित हुआ हैं। साथ ही हमारे शरीर की इम्युनिटी बढ़ाकर हमारे शरीर को बीमारियों से लड़ने की शक्ति प्रदान करता है। इससे हमारा दिमाग शांत होकर स्ट्रेस फ्री रहता हैं।
30 दिनों में बॉडी बनाने के लिए इन बातों का भी रखें ध्यान
खुद को स्वस्थ रखने के लिए कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, वसा, कैल्शियम, विटामिन, खनिज लवण सबकी संतुलित मात्रा होना जरूरी है।
खाना बनाने के लिए लोहे की कड़ाही का इस्तेमाल करे तो बेहतर हैं क्योंकि इसमें खाना में आयरन की मात्रा बढ़ जाती हैं जो हमारे शरीर में आयरन की कमी को दूर करता है।
एक सीमित माप के अनुसार ही सूखे मेवे (डॉयफ्रूट) का इस्तेमाल करें।
गेहूं, ज्वार, मक्का, बाजरा, चावल, दाल, जड़ वाली सब्जियां, केला, अमरूद, गन्ना, चुकंदर, खजूर, छुआरा, मुनक्का, अंजीर, शक्कर एवं शहद से प्राप्त होने वाले कार्बोहाइड्रेट् अत्यधिक शक्तिशाली और स्वास्थ्य के लिय लाभदायक होते हैं। परन्तु इनकी अधिकता अनेक खतरनाक जानलेवा रोगो को भी जन्म देती है।
कैल्शियम के सबसे उत्तम प्राकृतिक स्त्रोत दूध, पनीर, दही, पत्तेदार सब्जियां, टमाटर, गाजर, मूली, पत्तागोभी, लहसुन, अनार इत्यादि है।
विटामिन ‘सी’ शरीर की कोशिकाओं को स्वस्थ रखने के साथ ही शरीर की इम्यूनिटी को भी मजबूत करता है। विटामिन “सी” की कमी से स्कर्वी रोग की संभावना हो जाती है। आँवला, संतरा, अनानास, अनार, आम आदि जैसे फल और नींबू, शकरकंद, मूली, बैंगन और प्याज जैसी सब्जियों में यह पाया जाता है।
कई सब्ज़ियां, फल, दालें आदि फाइबर के स्रोत हैं। जैसे हरी बीन्स और गहरे हरे रंग की पत्तेदार साग, गाजर, चुकंदर और मूली जैसी जड़ वाली सब्जियां,सेब, संतरे इत्यादि।
बाहर के तैलीय और जंक फूड खाना खाने से बचें। क्योंकि इससे आपको कैलेस्ट्रोल या अन्य बीमारियों की समस्या बढ़ जाती हैं।
आप अपने रोजाना के खाने में लहसुन और प्याज का भी इस्तेमाल करें, क्योंकि यह हमारे शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाते हैं।
आप बॉडी बनाना चाहते हैं तो आप ज्यादा नमक और मीठा (शक्कर) का खाना नही खाना चाहिए इससे आपका स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ता हैं।